NET JRF Hindi Solved Paper – 2 January 2017 – नेट जेआरएफ़ हिन्दी हल प्रश्न पत्र

NET JRF Hindi Solved Paper – 2 January 2017 – नेट जेआरएफ़ हिन्दी हल प्रश्न पत्र

निर्देश : इस प्रश्नपत्र में पचास (50) बहु-विकल्पीय प्रश्न हैं। प्रत्यके प्रश्न के दो (2) अंक हैं। सभी प्रश्न अनिवार्य हैं।

1. ईसा की किस शताब्दी में अपभ्रंश का व्यवहार लोकभाषा के अर्थ में होने लगा ?

(1) पहली शताब्दी

(2) छठवीं शताब्दी 

(3) नवीं शताब्दी

(4) गयारहवीं शताब्दी

उत्तर (4)

2. ‘पुरुष परीक्षा’ किस कवि की रचना है ?

(1) ज्योतिरीश्वर ठाकुर

(2) गोरखनाथ

(3) विद्यापति

(4) आचार्य देवसेन

उत्तर (3)

3. निम्नलिखित में से कौन-सा विद्वान ‘पृथ्वीराज रसो’ को सर्वथा अप्रामाणिक ग्रंथ मानने वालों में शामिल नहीं है?

(1) रामचन्द्र शुक्ल

(2) मोहनलाल विष्णुलाल पंड्या

(3) गौरी शंकर हीराचंद ओझा

(4) डॉ. बूलर

उत्तर (2)

4. “मोरा जोबना नवेल रा भयो है गुलाल

   कैसे घर दीनी बकस मोरी माल।”

उक्त काव्य पंक्तियों के रचयिता हैं-

(1) धर्मदास

(2) अमीर खुसरो

(3) यारी साहब

(4) दरिया साहब

उत्तर (2)

5. मीराबाई की उपासना किस प्रकार की थी ?

(1) दास्य भाव

(2) सख्य भाव

(3) माधुर्य भाव

(4) वात्सल्य भाव

उत्तर (3))

6. आचार्य रामचन्द्र शुक्ल के अनुसार ‘कबीर ने अपनी साखियों में ‘सधुक्कड़ी’ भाषा का प्रयोग किया है।’

‘सधुक्कड़ी’ से उनका अभिप्राय है-

(1) ब्रजभाषा मिश्रित पूरबी बोली

(2) ब्रजभाषा मिश्रित खड़ी बोली

(3) राजस्थानी पंजाबी मिली खड़ी बोली

(4) पाँच भाषाओं के मिश्रण वाली भाषा

उत्तर (3)

7. ‘सुजान कुमार’ किस सूफी प्रेमाख्यान का नायक है?

(1) चित्रावली

(2) हंसजवाहिर

(3) मधुमालती

(4) इंद्रावती

उत्तर (1)

8. “सखी हौं स्याम रंग रँगी।

   देखि बिकाय गई वह मूरति, सूरत माहिं पगी।।”

ये काव्य पंक्तियाँ किसकी है ?

(1) हितहरिवंश

(2) गदाधर भट्ट

(3) मीराबाई

(4) जीव गोस्वामी

उत्तर (2)

9. “तिय सैसव जोबन मिले, भेद न जाज्यो जात।

   प्रातः समय निसि द्योस के दुवौ भाव दरसात।”

इस दोहे में नायिका की किस अवस्था का वर्णन किया गया है ?

(1) सद्यः स्नाता

(2) वयः संधि 

(3) नवोढ़ा

(4) मानमृदु

उत्तर (2)

10. “जगत जनायो जिहिं सकल, सो हरि जान्यो नाहिं ।

     ज्यों आँखिन सब देखियै, आँखि न देखी जाहिं ।।”

उक्त दोहे में कौन-सा अलंकार है ?

(1) दृष्टांत

(2) उपमा

(3) उदाहरण

(4) प्रतिवस्तूपमा

उत्तर (3)

11. मैथिलीशरण गुप्त की प्रतिभा का विकास सर्वाधिक किस साहित्य-रूप में देखने को मिलता है ?

(1) नाटककार रूप में

(2) प्रगीतकार रूप में

(3) प्रबन्धकार के रूप में

(4) मुक्तककार रूप में

उत्तर (3)

12. ……..रचना न तो दर्शन है और न किसी ज्ञानी के प्रौढ़ मस्तिष्क का चमत्कार। यह तो अन्ततः, एक साधारण मनुष्य का शंकाकुल हृदय ही है, जो मस्तिष्क के स्तर पर चढ़कर बोल रहा है।’ -रामधारी सिंह दिनकर द्वारा कहा गया यह कथन उनके किस काव्य के सम्बन्ध में है ?

(1) रश्मिरथी

(2) उर्वशी

(3) कुरुक्षेत्र

(4) परशुराम की प्रतीक्षा

उत्तर (3)

13. ”उड़ गया गरजता यंत्र-गरुड़

    बन बिंदु, शून्य में पिघल गया

    पर साँप ?”

ये पंक्तियाँ ‘अज्ञेय’ की किस कविता से है?

(1) पहचान

(2) हरी घास पर क्षण भर

(3) हवाई अड्डे पर विदा

(4) साँप

उत्तर (3)

14. ‘ठंडा लोहा’ कविता-संग्रह के रचनाकार हैं-

(1) धर्मवीर भारती

(2) भारतभूषण अग्रवाल

(3) गिरिजा कुमार माथुर

(4) सर्वेश्वर दयाल सक्सेना

उत्तर (1)

15. उन्नीसवीं शताब्दी के मध्यवर्गीय बनिया समाज के जीवन का यथार्थ चित्रण किस उपन्यास में किया गया है ?

(1) देवरानी जेठानी की कहानी

(2) रानी केतकी की कहानी

(3) वामा शिक्षक

(4) भाग्यवती

उत्तर (1)

16. कामकुंठा की शिकार स्त्री के चरित्र का चित्रण किस उपन्यास में किया गया है ?

(1) जिन्दगीनामा

(2) अनित्य

(3) शेषयात्रा

(4) सूरजमुखी अँधेरे के

उत्तर (4)

17. निम्नलिखित में से  हिन्दू-मुस्लिम एकता को प्रतिपादित करने वाला कौन-सा नाटक है ?

(1) नीलदेवी

(2) रक्षाबंधन 

(3) सिन्दूर की होली

(4) सागर विजय

उत्तर (2)

18. निम्नलिखित में से भारतेन्दु हरिश्चन्द्र का कौन-सा नाटक क्षेमीश्वरकृत ‘चडकौशिक’ के आधार पर लिखा गया है ?

(1) सत्य हरिश्चन्द्र

(2) वैदिकी हिंसा हिंसा न भवति

(3) विषस्य विषमौषधम्

(4) श्री चन्द्रावली

उत्तर (1)

19. अर्थोपक्षेपक के कितने प्रकार होते हैं ?

(1) पाँच

(2) सात

(3) छः

(4) आठ

उत्तर (1)

20. निम्नलिखित में से कौन-सी रचना मैथ्यू ऑर्नाल्ड की नहीं है?

(1) कल्चर एंड अनार्की

(2) लिचटरेचर एंड ड्रामा

(3) एसेज ऑन चर्च एंड स्टेट

(4) द कॉकटेल पार्टी

उत्तर (4)

21. रामवृक्ष बेनीपुरी के अनुसार लेखन-काल की दृष्टि से विद्यापति की रचनाओं का सही अनुक्रम है-

(1) कीर्तिलता, भू-परिक्रमा, पुरुष परीक्षा, कीर्तिपताका

(2) भू-परिक्रमा, पुरुष परीक्षा, कीर्तिलता, कीर्तिपताका

(3) कीर्तिलता, कीर्तिपताका, भू-परिक्रमा, पुरूष परीक्षा

(4) पुरुष परीक्षा, भू-परिक्रमा, कीर्तिपताका, कीर्तिलता

उत्तर (1)

22. रचना-काल के अनुसार निम्नलिखित कवियों का सही अनुक्रम है-

(1) भिखारीदास, चिंतामणि, देव, महाराज जसवंत सिंह

(2) चिंतामणि, देव, भिखारीदास, महाराज, जसवंत सिंह

(3) महाराज जसवंत सिंह, चिंतामणि, देव, भिखारीदास

(4) चिंतामणि, महाराज जसवंत सिंह, देव, भिखारीदास

उत्तर (4)

23. रचनाकाल के अनुसार श्रीधर पाठक की निम्नलिखित रचनाओं का सही अनुक्रम है-

(1) श्रांत पथिक, ऊजड़ ग्राम, एकांतवासी योगी, सांध्य अटन

(2) एकांतवासी योगी, ऊजड़ ग्राम, श्रांत पथिक, सांध्य अटन

(3) ऊजड़ ग्राम, श्रांत पथिक, सांध्य अटन, एकांतवासी योगी

(4) श्रांत पथिक, सांध्य अटन, एकांतवासी योगी, ऊजड़ ग्राम

उत्तर (2)

24. प्रकाशन वर्ष के अनुसार सूर्यकांत त्रिपाठी निराला की निम्नलिखित रचनाओं का सही अनुक्रम है-

(1) गीतिका, अणिमा, अर्चना, आराधना

(2) अणिमा, अर्चना, आराधना, गीतिका

(3) आराधना, अर्चना, अणिमा, गीतिका

(4) अर्चना, आराधना, अणिमा, गीतिका

उत्तर (1)

25. प्रकाशन वर्ष के अनुसार हिन्दी नाटकों का सही अनुक्रम है-

(1) अंधा कुआँ, इक तारे की आँख, बकरी, कोर्ट मार्शल

(2) इक तारे की आँख, बकरी, अंधा कुआँ, कोर्ट मार्शल

(3) बकरी, अंधा कुआँ,  कोर्ट मार्शल, इक तारे की आँख

(4) अंधा कुआँ, बकरी, इक तारे की आँख, कोर्ट मार्शल

उत्तर (4)

26. प्रकाशन वर्ष के अनुसार निम्नलिखित ग्रंथों का सही अनुक्रम है-

(1) परीक्षा गुरु, भाग्यवती, वामा शिक्षक, रानी केतकी की कहानी

(2) रानी केतकी की कहानी, परीक्षा गुरु, भाग्यवती, वामा शिक्षक

(3) रानी केतकी की कहानी, वामा शिक्षक, भाग्यवती, परीक्षा गुरु

(4) भाग्यवती, परीक्षा गुरु, वामा शिक्षक, रानी केतकी की कहानी

उत्तर (3)

27. प्रकाशन वर्ष के अनुसार निम्नलिखित आलोचना ग्रंथों का सही अनुक्रम है-

(1) वाद विवाद संवाद, अधूरे साक्षात्कार, कामायनीः एक पुनर्विचार, हिन्दी साहित्य के अस्सी वर्ष

(2) हिन्दी साहित्य के अस्सी वर्ष, कामायनी : एक पुनर्विचार, अधूरे साक्षात्कार, वाद विवाद संवाद

(3) कामायनी एक पुनर्विचार, हिन्दी साहित्य के अस्सी वर्ष, वाद विवाद संवाद, अधूरे साक्षात्कार

(4) अधूरे साक्षात्कार, वाद विवाद संवाद, हिन्दी साहित्य के अस्सी वर्ष, कामायनी एक पुनर्विचार

उत्तर (2)

28. ऐतिहासिक दृष्टि से निम्नलिखित पाश्चात्य साहित्य चिंतकों का पूर्वापर अनुक्रम है-

(1) अरस्तू, कॉलरिज, मैथ्यू ऑर्नाल्ड, टी.एस.इलियट

(2) टी.एस. इलियट, मैथ्यू ऑर्नाल्ड, कॉलरिज, अरस्तू

(3) कॉलरिज, अरस्तू, टी.एस. इलियट, मैथ्यू ऑर्नाल्ड

(4) मैथ्यु आर्नल्ड, टी.एस. इलियट, अरस्तू, कॉलरिज

उत्तर (1)

29. भरतमुनि के अनुसार नाट्य वृत्तियों का सही क्रम है-

(1) भारती, आरभटी, कैशिकी, सात्वती

(2) सात्वती, कैशिकी, भारती, आरभटी

(3) भारती, सात्वती, कैसिकी, आरभटी

(4) आरभटी, कैशिकी, सात्वती, भारती

उत्तर (3)

30. जन्मकाल के अनुसार हिन्दी आलोचकों का सही क्रम है-

(1) नन्ददुलारे वाजपेयी, रामचन्द्र शुक्ल, नगेन्द्र,रामविलास शर्मा

(2) रामचन्द्र शुक्ल, नन्ददुलारे वाजपेयी, रामविलास शर्मा, नगेन्द्र

(3) नगेन्द्र, नन्ददुलारे वाजपेयी, रामचन्द्र शुक्ल,रामविलास शर्मा

(4) रामविलास शर्मा, नगेन्द्र, रामचन्द्र शुक्ल, नन्ददुलारे वाजपेयी

उत्तर (2)

31. निम्नलिखित काव्य पंक्तियों को उनके कवियों के साथ सुमेलित कीजिए-

सूची-I                               सूची-II 

(a) हौं सब कबिन्ह केर पछिलगा।     (i) कबीरदास

(b) कबित्त बिवेक एक नहिं मोरे।      (ii) जायसी

(c) प्रभुजी, हौं पतितन कौ टीको।     (iii) मलूकदास

(d) अब तो अजपा जपु मन मेरे      (iv) तुलसीदास 

   सुर नर असुर टहलुआ जाके

   मुनि गंध्रव हैं जाके चेरे।

                                (v) सूरदास 

विकल्प :

       (a)     (b)      (c)      (d)

(1)  (ii)     (iv)      (v)       (iii)

(2)  (iii)     (i)      (iv)       (ii)

(3)  (iv)    (ii)      (iii)       (i)

(4)  (v)     (iv)      (i)      (iii)

उत्तर (1)

32. निम्नलिखित रचनाओं को उनके रचनाकारों के साथ सुमेलित कीजिए-

सूची-I                     सूची-II 

(a) राउलवेल             (i) आसगु

(b) खुमाण रासो         (ii) डोम्भिपा 

(c) चंदनबाला रास       (iii) कुक्कुरिपा 

(d) योगचर्या            (iv) रोड कवि

                      (v) दलपत विजय

विकल्प :

       (a)     (b)      (c)      (d)

(1)  (i)      (ii)      (iv)       (iii)

(2)  (iv)     (v)      (i)        (ii)

(3)  (i)     (ii)      (iii)       (iv)

(4)  (iv)   (iii)     (ii)        (v)

उत्तर (2)

33. निम्नलिखित कवियों को उनकी काव्यकृतियों के साथ सुमेलित कीजिये-

सूची-I                                  सूची-II

सियारामशरण गुप्त              (i) मौर्य विजय

(b) बालकृष्ण शर्मा नवीन        (ii) राखी की चुनौती 

(c) सुभद्राकुमारी चौहान         (iii) राष्ट्रीय तरंग

(d) गयाप्रसाद शुक्ल सनेही      (iv) विप्लव गायन

                            (v) सतरंगे पंखों वाली

विकल्प :

       (a)     (b)      (c)      (d)

(1)  (ii)    (iii)      (iv)       (i)

(2)  (iii)     (ii)      (v)       (i)

(3)  (i)     (iv)       (ii)      (iii)

(4)  (iv)   (iii)       (i)       (ii)

उत्तर (3)

34. निम्नलिखित काव्य पंक्तियों को उनके कवियों के साथ सुमेलित कीजिए-

सूची-I                                        सूची-II

(a) श्रेय नहीं कुछ मेरा/मैं तो डूब गया था      (i) मुक्तिबोध

स्वयं शून्य में वीणा के माध्यम से अपने

को मैंने/सब कुछ को सौंप दिया था।

(b) परम अभिव्यक्ति/लगातार घूमती है जग   (ii) दिनकर 

में/पता नहीं जाने कहाँ/वह है।

(c) पर एक तत्व है बीज रूप स्थित मन में   (iii) शमशेर 

साहस में, स्वतंत्रता में, नूतन सृजन में।

(d) मैं उनका आदर्श जो व्यथा न खोल       (iv) धर्मवीर भारती 

सकेंगे पूछेगा जग किन्तु पिता का

नाम न बोल सकेंगे।

                                       (v) अज्ञेय 

विकल्प :

       (a)     (b)      (c)      (d)

(1)  (v)     (i)      (iv)       (ii)

(2)  (v)    (iv)      (iii)      (i)

(3)  (i)     (ii)      (iii)       (iv)

(4)  (iv)   (iii)      (ii)      (v)

उत्तर (1)

35. निम्नलिखित रचनाओं को उनके रचनाकारों के साथ सुमेलित कीजिए-

सूची-I                                    सूची-II 

(a) मधुलिका                  (i) शिवमंगल सिंह सुमन

(b) प्रभातफेरी                 (ii) सियारामशरण गुप्त

(c) प्रण-भंग                  (iii) रामेश्वर शुक्ल अंचल 

(d) काठमांडू की पहली सांझ    (iv) नरेन्द्र शर्मा

                          (v) रामधारी सिंह दिनकर 

विकल्प :

       (a)     (b)      (c)      (d)

(1)  (iii)   (iv)      (v)       (i)

(2)  (v)    (iii)      (ii)      (iv)

(3)  (i)     (iii)      (iv)     (v)

(4)  (ii)    (i)      (iii)      (iv)

उत्तर (1)

36. निम्नलिखित उपन्यासों को उनकी विषय-वस्तु के साथ सुमेलित कीजिए-

सूची-I                                    सूची-II

(a) अपना मोर्चा              (i) औपनिषदिक आख्यान

(b) मुझे चाँद चाहिए          (ii) छात्र आंदोलन

(c) दिलो दानिश             (iii) रंगमंच और सिनेमा संसार

(d) अनामदास का पोथा       (iv) मुस्लिम संस्कृति

                          (v) साम्प्रदायिक संघर्ष 

विकल्प :

     (a)     (b)      (c)      (d)

(1)  (i)     (ii)      (iii)       (iv)

(2)  (ii)    (iii)     (iv)       (i)

(3)  (v)     (iv)     (ii)      (iii)

(4)  (iii)    (i)      (v)      (ii)

उत्तर (2)

37. निम्नलिखित पात्रों को उनके नाटकों के साथ सुमेलित कीजिये-

सूची-I                 सूची-II 

(a) मालविका       (i) सूर्यमुख 

(b) मल्लिका       (ii) देहांतर 

(c) वेनुरति        (iii) चंद्रगुप्त 

(d) देवयानी       (iv) शस्त्र संतान

                 (v) आषाढ़ का एक दिन 

विकल्प :

       (a)     (b)      (c)      (d)

(1)  (iii)     (v)      (i)       (ii)

(2)  (iii)     (i)      (ii)      (iv)

(3)  (ii)     (iii)    (iv)      (v)

(4)  (iv)    (iii)     (ii)      (i)

उत्तर (1)

38. निम्नलिखित आलोचना-ग्रंथो को उनके आलोचकों के साथ सुमेलित कीजिए-

सूची-I                                  सूची-II

(a) साहित्य क्यों               (i) विश्वनाथ त्रिपाठी

(b) भाषा और संवेदना          (ii) प्रभाकर श्रोत्रिय

(c) लोकवादी तुलसीदास        (iii) जगदीश गुप्त

(d) कविता की तीसरी आँख     (iv) विजय नारायण साही

                           (v) रामस्वरूप चतुर्वेदी

विकल्प :

       (a)     (b)      (c)      (d)

(1)  (i)     (ii)      (iii)       (iv)

(2)  (iv)    (v)      (i)        (ii)

(3)  (ii)    (iii)    (iv)        (i)

(4)  (iii)    (i)      (ii)       (v)

उत्तर (2)

39. निम्नलिखित ग्रंथो को उनके रचनाकारों के साथ सुमेलित कीजिए-

सूची-I                                   सूची-II

(a) रस मीमांसा                         (i) रामविलास शर्मा 

(b) हिन्दी साहित्य का आदिकाल           (ii)नन्ददुलारे वाजपेयी

(c) निराला की साहित्य-साधना            (iii) रामचंद्र शुक्ल

(d) आधुनिक साहित्यः सृजन और सीमक्षा  (iv) महावीर प्रसाद      द्विवेदी

                                    (v) हजारी प्रसाद द्विवेदी 

विकल्प :

       (a)     (b)      (c)      (d)

(1)  (ii)     (iv)      (i)       (v)

(2)  (iv)    (iii)      (v)       (i)

(3)  (i)      (ii)      (iii)     (iv)

(4)  (iii)     (v)      (i)      (ii)

उत्तर (4)

40. निम्नलिखित उक्तियों को उनके आचार्यों के साथ सुमेलित कीजिये-

सूची-I                               सूची-II 

(a) ‘शब्दार्थी सहितौ काव्यम्’             (i) पंडितराज जगन्नाथ

(b) ‘वाक्यं रसात्मक काव्यम्’             (ii) मम्मट

(c) ‘रमणीयार्थ प्रतिपादक: शब्द: काव्यम्   (iii) कुन्तक

(d) ‘तदोषौ शब्दार्थों सगुणावनलंकृति पुनः क्वापि’ (iv) भामह

                                    (v) विश्वनाथ

विकल्प :

       (a)     (b)      (c)      (d)

(1)  (iv)     (v)      (i)       (ii)

(2)  (i)      (ii)      (iii)      (v)

(3)  (iii)    (i)       (v)       (ii)

(4)  (v)      (ii)    (iv)      (iii)

उत्तर (1)

निर्देश : प्रश्न संख्या 41 से 45 तक के प्रश्नों में दो कथन दिए गए हैं। इनमें से एक स्थापना (Assertion) (A) है और दूसरा तर्क (Reason) (R) है। कोड में दिए गए विकल्पों में से सही विकल्प का चयन कीजिए-

41. स्थापना (Assertion) (A) : रीतिकाल में जन-साधारण का जीवन सामन्ती विलासपूर्ण आकांक्षाओं और भोगपूर्ण श्रृंगार से ओतप्रोत था। तर्क (Reason) (R) : इसलिए नैतिकता की दृष्टि से जन-साधारण का आचरण और चरित्र दरबारी संस्कृति से अलग नहीं हो पाया था।

कूट :

(1) (A) गलत (R) सही 

(2) (A) गलत (R) गलत

(3) (A) सही (R) सही

(4) (A) सही (R) गलत

उत्तर (2)

42. स्थापना (Assertion) (A) : साहित्य एवं कलाएँ वर्ग-हितों का ही प्रतिबिम्बन और प्रतिनिधित्व करती हैं।

तर्क (Reason) (R) : चूँकि साहित्य की चेतना शासन और सत्ता की विचारधारा से प्रतिबद्ध होती है।

कूट:

(1) (A) गलत (R) गलत

(2) (A) गलत (R) सही

(3) (A) सही (R) गलत

(4) (A) सही (R) सही

उत्तर (1)

43. स्थापना (Assertion) (A) : बिम्ब अतीन्द्रिय होते हैं।

तर्क (Reason) (R) : क्योंकि उनमें ऐन्द्रिकता का होना अनिवार्य है।

कूट :

(1) (A) सही (R) गलत

(2) (A) गलत (R) सही

(3) (A) सही (R) सही

(4) (A) सही (R) गलत

उत्तर (2)

44. स्थापना (Assertion) (A) : हृदय सहित समाज में उत्पन्न होने वाला हर व्यक्ति ‘सहृदय और सामाजिक’ होता है।

तर्क (Reason) (R) : इसीलिए साहित्यशास्त्र में उनके लिए किसी गुण अथवा लक्षणों का उल्लेख नहीं किया गया।

कूट :

(1) (A) सही (R) सही

(2) (A) गलत (R) गलत

(3) (A) गलत (R) सही

(4) (A) सही (R) गलत

उत्तर (2)

45. (Assertion) (A) : रस कार्य (कारणजन्य) रूप वस्तु नहीं।

तर्क (Reason) (R) क्योंकि वह तो विभावादि समूहालम्बनत्मक अनुभव है, न कि विभावादि द्वारा.उत्पन्न की गई वस्तु । कारण-ज्ञान और कार्य ज्ञान का एक समय में होना कदापि संभव नहीं।

(1) (A) सही (R) गलत

(2) (A) गलत (R) सही.

(3) (A) गलत (R) गलत

(4) (A) सही (R) सही

उत्तर (4)

निर्देश- निम्नलिखित अवतरण को ध्यानपूर्वक पढ़िए और उससे संबंधित प्रश्नों (प्रश्न संक्ष्या 46 से 50 ) के दिए गए विकल्पों में से सही विकल्प का चयन कीजिए-

शासन की पहुँच प्रवृत्ति और निवृत्ति की बाहरी व्यवस्था तक ही होती है। उनके मूल या मर्म तक उनकी गति नहीं होती। भीतरी या संच्ची प्रवृत्ति-निवृत्ति को जागरित रखने वाली शक्ति कविता है जो धर्म-क्षेत्र में शक्ति भावना को जगाती रहती है। भक्ति धर्म की रसात्मक अनुभूति है। अपने

मंगल और लोक के मंगल का संगम उसी के भीतर दिखाई पड़ता है। इस संगम के लिए प्रकृति के क्षेत्र के बीच मनुष्य को अपने हृदय के प्रसार का अभ्यास करना चाहिए। जिस प्रकार ज्ञान नरसत्ता के प्रसार के लिए है उसी प्रकार हृदय रागात्मिका वृत्ति के प्रसार के बिना विश्व के साथ जीवन का प्रकृत्त सामंजस्य घटित नहीं हो सकता। जब मनुश्य के सुख और आनन्द का मेल शेष प्रकृत्ति के सुख-सौन्दर्य के साथ हो जायेगा, जब उसकी रक्षा का भाव तृणागुल्म, वृक्ष-लता, पशु-पक्षी, कीट-पतंग, सबकी रक्षा के भाव के साथ समन्वित हो जायेगा, तब उसके अवतार का उद्देश्य पूर्ण हो जायेगा और वह जगत् का सच्चा प्रतिनिधि हो जायेगा । काव्य योग की साधना इसी भूमि पर पहुँचाने के लिए हैं।

46. कविता की गति कहाँ तक होती है?

(1) निवृत्ति के मूल तक

(2) प्रवृत्ति और निवृत्ति की भीतरी व्यवस्था तक

(3) प्रवृत्ति और निवृत्ति की बाहरी व्यवस्था तक

(4) प्रवृत्ति के मर्म तक

उत्तर (2)

47. व्यापक मंगल भाव का संगम कहाँ दिखाई पड़ता है?

(1) शासन

(2) धर्म में

(3) भक्ति में

(4) कविता में

उत्तर (4)

48. जीवन में स्वाभाविक सामंजस्य कैसे संभव है?

(1) रागात्मिका वृत्ति के प्रसार से

(2) सुख और आनंद में

(3) प्रकृति के सौंदर्य में

(4) आत्ममंगल में

उत्तर (1)

49. मनुष्य जगत का सच्चा प्रतिनिधि कैसे बन सकता है?

(1) मनुष्य के मंगल और शेष प्रकृति के कल्याण-भाव से।

(2) मनुष्य को सुख-आनन्द देने से ।

(3) प्रकृति के रक्षा-भाव से ।

(4) मनुष्येतर प्राणियों के कल्याण से।

उत्तर (1)

50. ‘काव्य-योग की साधना’ से आशय है-

(1) वैयक्तिक सुख-दुख

(2) लोकमंगल

(3) रसात्मक अनुभूति

(4) प्रकृति प्रेम

उत्तर (2)

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